माँ श्री ललिता त्रिपुर सुंदरी का कोई नाम और रूप नहीं है।”“The Divine Mother इस संसार में प्रत्येक वस्तु केवल नाम और रूप से पहचानी जाती है। माँ इन दोनों से रहित हैं। सभी दिव्य नाम और रूप ऋषियों को “दिखाए” गए, जिन्हें दिखाए गए नाम और रूप को अपने समुदायों के साथ बाँटने की अनुमति दी गई, ताकि वे मानव-भाषा के द्वारा दिव्य से प्रार्थना और संवाद कर सकें।
“नाम रूप विवर्जित”
“Nama Roopa Vivarjita”
